क्या कहना चाह रही हैं ये मूर्तियाँ

पुरानी बातें –

हमारे अध्ययनकाल में बांसवाड़ा के राजकीय महाविद्यालय के मुख्य पोर्च में ये प्राचीन मूर्तियां लगी हुई थीं। पता नहीं अब हैं भी कि नहीं क्योंकि अर्से से कॉलेज जाने का काम नहीं पड़ा है। ये मूर्तियां हमेशा जीवन और जगत की माया और सत्य का अहसास कराती प्रतीत होती थी।