नवोन्मेषी सुझाव

देश भर में बहुत बड़ी संख्या में हस्तियां और व्यक्तित्व हैं जो समाज और देश ही नहीं बल्कि वैश्विक स्तर की प्रतिभा, हुनर और माद्दा रखते हैं। लेकिन हम लोगों ने इन्हें उपेक्षित कर रखा लगता है। इन सभी हुनरमंद और बहुआयामी मेधा-प्रज्ञा से सम्पन्न लोगों के लिए एक पॉलिसी बनाने की आवश्यकता पर विचार किया जाना चाहिए। इसमें स्थानीय से लेकर जिला, प्रदेश, राष्ट्र एवं अन्तर्राष्ट्रीय स्तर के सम्मानों से सुशोभित प्रतिभाएं विद्यमान हैं। आजादी के बाद से लेकर अब तक हजारों-लाखों की संख्या में सम्मानित व्यक्तित्व हैं। इन सभी को विशिष्ट सम्मान कार्ड दिया जाना चाहिए और सभी स्थानों, मामलों व साधन-संसाधन-सुविधाओं में विशेष आदर-सम्मान एवं रियायत दी जानी चाहिए। इन सभी सम्मानितों के ज्ञान, अनुभव और हुनर का आदरपूर्वक इस्तेमाल यदि किया जाए तो समाज, क्षेत्र और देश के विकास की रफ्तार कई गुना आगे बढ़ सकती है। इन सम्मानितों के लिए हर क्षेत्र में पृथक से कॉलोनियां बसाई जा सकती हैं। हर जिले में अब तक विभिन्न क्षेत्रों में सम्मानित हो चुकी हस्तियों के परिचय और प्रेरणादायी जीवन पर पुस्तकों का प्रकाशन होना चाहिए और यह क्रम हर साल जारी रहना चाहिए।  जो लोग किसी भी स्तर पर सम्मानित हुए हैं वे हमारे लिए गौरव और गर्व है। भारतभूमि की रत्न परंपरा को आगे बढ़ा रहे इन सभी सम्मानितों के कर्मयोग, समर्पण, ईमानदारी और नैष्ठिक कर्तव्य परायणता के कारण ही हम आज तरक्की की ओर अग्रसर हैं। आजादी के बाद से अब तक किसी न किसी प्रकार से सम्मानित, अभिनंदित और पुरस्कृत हो चुके सभी महानुभावों के श्रीचरणों में आदर सहित विनम्र श्रद्धा अभिव्यक्त करना भी अपने आप में गौरव और पुण्यदायी है।